टनकपुर। चंपावत जिले के टनकपुर नगर पालिका क्षेत्र में सात दिवसीय ‘चंपावत सरस कॉर्बेट महोत्सव–2026’ का भव्य शुभारंभ हुआ। मुख्यमंत्री धामी ने वर्चुअल माध्यम से महोत्सव का उद्घाटन करते हुए इसे प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत, साहसिक पर्यटन और आत्मनिर्भर उत्तराखंड के संकल्प का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि यह आयोजन चंपावत को एडवेंचर टूरिज्म हब के रूप में स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। मुख्यमंत्री ने कहा कि काली कुमाऊं क्षेत्र की बैठकी, खड़ी और चौफुला होली देशभर में अपनी विशिष्ट पहचान के लिए जानी जाती है। इस वर्ष महोत्सव को शीतकालीन कॉर्बेट महोत्सव के रूप में आयोजित कर विंटर टूरिज्म को बढ़ावा देने का प्रयास किया जा रहा है, जिससे पर्यटन गतिविधियां वर्षभर संचालित रह सकें। उन्होंने कहा कि “विकास भी और विरासत भी” के मंत्र के साथ सरकार चंपावत को आदर्श जिला बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।
महोत्सव के दौरान पैराग्लाइडिंग, माउंटेन बाइकिंग, रिवर राफ्टिंग, हॉट एयर बलून, ट्रेकिंग और पक्षी अवलोकन जैसी रोमांचक गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा। इन आयोजनों के माध्यम से क्षेत्र में साहसिक पर्यटन को नई पहचान देने की कोशिश की जा रही है। मुख्यमंत्री ने प्रसिद्ध शिकारी और प्रकृतिविद् Jim Corbett का उल्लेख करते हुए कहा कि यह क्षेत्र ऐतिहासिक और वन्यजीव विरासत से समृद्ध है, जिसे वैश्विक स्तर पर प्रचारित किया जाना चाहिए। उन्होंने बताया कि जिले में स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार, सड़कों के सुदृढ़ीकरण, रोपवे परियोजना, ड्राई पोर्ट और साइंस सेंटर जैसी कई विकास योजनाएं प्रगति पर हैं। इन परियोजनाओं के पूर्ण होने से चंपावत जिले में रोजगार और निवेश के नए अवसर सृजित होंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस प्रकार के आयोजनों से स्थानीय युवाओं और महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने का अवसर मिलता है। ‘चंपावत सरस कॉर्बेट महोत्सव–2026’ के तहत ‘लोकल फॉर लोकल’ अभियान को भी विशेष प्राथमिकता दी गई है। स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं द्वारा तैयार किए गए उत्पाद, स्थानीय व्यंजन और हस्तशिल्प सामग्री के दर्जनों स्टॉल लगाए गए हैं। इससे स्थानीय उत्पादों को बाजार उपलब्ध कराने के साथ ही महिलाओं की आर्थिक स्थिति को सशक्त बनाने का प्रयास किया जा रहा है। महोत्सव में सांस्कृतिक कार्यक्रमों की भी धूम रही। उत्तराखंड के प्रमुख कलाकारों, बैंड और सांस्कृतिक दलों द्वारा प्रस्तुतियां दी जाएंगी। सात दिनों तक चलने वाले इस आयोजन में स्टार नाइट, लोक नृत्य, लोकगीत और पारंपरिक कला प्रदर्शन आकर्षण का केंद्र रहेंगे। इसके साथ ही छात्र-छात्राओं के बीच चित्रकला, क्विज और अन्य प्रतियोगिताओं का आयोजन कर प्रतिभाओं को मंच प्रदान किया जा रहा है। टनकपुर और आसपास के क्षेत्रों में महोत्सव को लेकर उत्साह का माहौल है। पर्यटन कारोबार से जुड़े लोगों को उम्मीद है कि इस आयोजन से स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी। प्रशासन ने सुरक्षा और यातायात व्यवस्था के व्यापक इंतजाम किए हैं। कुल मिलाकर, ‘चंपावत सरस कॉर्बेट महोत्सव–2026’ न केवल सांस्कृतिक और पर्यटन गतिविधियों का संगम है, बल्कि चंपावत को राष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है।

